52 फीसद नौकरियां जाने का खतरा, लॉकडाउन से अर्थव्यवस्था को नुकसान

नई दिल्ली । कोरोनावायरस के प्रकोप और उसके बाद के देशव्यापी लॉकडाउन की वजह से भारत की अर्थव्यवस्था पर गहरा असर पड़ा है, जिसमें अधिकांश कंपनियों के राजस्व में भारी गिरावट आई है, इसके आलवा मांग में कमी के साथ कई लोगों की नौकरी भी जा सकती है। भारतीय उद्योग परिसंघ (CII) के एक सर्वे में 52 फीसद नौकरियों के जाने का अंदेशा जताया गया है।

सर्वे के मुताबिक, कंपनियों के महत्वपूर्ण राजस्व में 10 फीसद से अधिक की गिरावट आ सकती है, जबकि उनका लाभ 5 फीसद से ज्यादा कम हो सकता है। सर्वे में यह गिरावट मौजूदा तिमाही (अप्रैल-जून 2020) और साथ ही पिछली तिमाही (जनवरी- मार्च 2020) के लिए दिखाया गया है।

CII ने कहा कि घरेलू फर्मों द्वारा राजस्व और लाभ वृद्धि दोनों में इस तेज गिरावट की वजह से जीडीपी में भी कमी आ सकती है।

वहीं, नौकरियों की बात करें कोरोनावायरस और लॉकडाउन की वजह से लगभग 52 फीसद फर्मों ने अपने संबंधित क्षेत्रों में नौकरियों के जाने का अंदेशा जाहिर किया है।

फर्मों का महत्वपूर्ण अनुपात (47 फीसद) 15 फीसद से कम नौकरी में कटौती की आशंका जाहिर कर रहा है, जबकि 32 फीसद फर्मों का मानना है कि लॉकडाउन ख़त्म होने के बाद लगभग 15-30 फीसद नौकरियां जा सकती हैं।

80 फीसद कंपनियों का कहना है कि मौजूदा वक्त में उनका सामान या इनवेंटरी सब रखा हुआ है। हालांकि 40 फीसद से अधिक कंपनियों ने उम्मीद जताई है कि लॉकडाउन खत्म होने के बाद भी उनका स्टॉक एक महीने के लिए पर्याप्त है।

Leave A Reply

Your email address will not be published.