
Coronavirus Lockdown China: चीन में कोरोना महामारी को लेकर हाहाकार मचा है. शी जिनपिंग प्रशासन की दमनकारी नीतियों को लेकर एक बार फिर साल 2020 जैसा कोहराम मचा है. जीरो कोविड पॉलिसी की वजह से लगे लॉकडाउन में करीब 18 करोड़ लोग अपने अपने घरों में कैद हैं. सख्ती का अंदाजा इसी बात से भी लगाया जा सकता है कि फिलहाल चीन (China) के 27 शहरों में लॉकडाउन (Lockdown) लगा हुआ है इनमें सबसे बुरी स्थिति चीन की आर्थिक राजधानी शंघाई की है. संक्रमण के चरम पर पहुंचने के दौरान इस शहर में एक दिन में करीब 10000 से ज्यादा नए मामले दर्ज किए गए थे.
चीन में इस बार हालात बिगड़ने की शुरुआत मार्च महीने से हुई. इस बीच एक्सपर्ट्स का मानना है कि कुछ शहरों में ऐसे हालात हैं जैसे 2020 की शुरुआत में वुहान में कोरोना का पहला केस सामने आने के बाद बने थे. फिलहाल चीन अपनी जीरो कोविड पॉलिसी (Zero Covid Policy) पर अड़ा हुआ है. संक्रमण को फैलने से रोकने के लिए लॉकडाउन, मास टेस्टिंग, क्वारंटीन और सीमाएं बंद करने जैसे कठोर कदम उठाए जा रहे हैं. लेकिन हालात सुधरने के बजाए और बिगड़ते जा रहे हैं. इन 27 शहरों में जहां लॉकडाउन है वहां ओमीक्रोन वेरिएंट के कारण मामले तेजी से बढ़े जिसके बाद चीन की इस कथित पॉलिसी पर सवाल उठ रहे हैं.
शादी और अंतिम संस्कार पर रोक
सीएनएन में प्रकाशित रिपोर्ट के मुताबिक इस बार हालात ऐसे बेकाबू हैं कि स्कूलों और कॉलेजों को बंद कर दिया गया है. संक्रमणों पर लगाम लगाने के लिए कंटेनमेंट जोन के रिहाइशी इमारतों को सील कर दिया गया है. शादी जैसे समारोहों पर रोक लगाई गई है. बीजिंग में भी कोरोना के मरीजों में जबरदस्त इजाफा हुआ है. बिगड़े हालातों में अंतिम संस्कार के लिए भी मृतकों को चार कंधे भी नसीब नहीं हो रहे हैं.
शहर दर शहर बढ़ता संक्रमण
कोरोना वायरस तेजी से चीन के अलग-अलग प्रांत और शहरों में फैलता जा रहा है. ऐसे में चीन की जीरो कोविड पॉलिसी के कड़े प्रतिबंधों का असर दिखाई नहीं दे रहा है. वहीं, इन प्रतिबंधों के कारण लोग भूखों मरने को मजबूर हैं. कोरोना की मार से परेशान लोग सरकार से मदद की गुहार लगा रहे हैं लेकिन अभी तक उनकी आवाज हुक्मरानों तक नहीं पहुंची है.
source news : zeenews
