
गोहाना: रोहतक-पानीपत हाईवे स्थित गांव रुखी के निकट हरियाणा पुलिस के हवलदार प्रमोद की गोली मारकर हत्या कर दी गई। वे रोहतक में गांव जसिया के रहने वाले थे और सोनीपत जिले में मोहाना थाना में तैनात थे।
पहचान पत्र से हुई पहचान
हमलावरों ने जब वारदात को अंजाम दिया था तो वे वर्दी में थे। उनके सीने में गोली मारकर हत्या की गई। सोमवार रात लगभग साढ़े 12 बजे वारदात को अंजाम दिया गया। डायल 112 की टीम ने बरोदा थाना में सूचना दी। उसके पास मिले पहचान पत्र से उसकी पहचान हुई। इसके बाद पुलिस ने स्वजन को सूचित किया। पुलिस ने उनका शव नागरिक अस्पताल भिजवाया गया है।
मोहाना थाना में हवलदार थे प्रमोद
प्रमोद मोहाना थाना में हवलदार थे। वे सोमवार को ड्यूटी पर थे। वे किसी काम से देर रात को थाना से निकले और रोहतक की तरफ जा रहे थे। रात लगभग साढ़े 12 बजे डायल 112 की टीम को रोहतक-पानीपत हाईवे स्थित गांव रुखी के निकट वर्दी पहने पुलिस कर्मी को लहूलुहान हालत में देखा।
उनका शव हाईवे के साथ कच्चे रास्ते में पड़ा था। उनके सीने में गोली मारकर हत्या की गई थी। सूचना मिलने पर बरोदा थाना से प्रभारी रमेश चंद्र और भैंसवान चौकी से पुलिस की टीम मौके पर पहुंची। मृतक के पास पहचान पत्र मिला, जिससे उसकी पहचान रोहतक के गांव जसिया के प्रमोद के रूप में हुई। गांव रुखी में जहां वारदात हुई है उससे अगला गांव ही जसिया है। पुलिस द्वारा सूचित किया तो उसका चचेरा भाई कर्मबीर और अन्य स्वजन मौके पर पहुंचे और उसकी शिनाख्त की। शव को कब्जे में लेकर नागरिक अस्पताल गोहाना भिजवाया गया। एफएसएल की टीम भी मौके पर पहुंची।
कई पहलुओं को लेकर जांच शुरू
पुलिस ने हवलदार प्रमोद की हत्या को लेकर कई पहलुओं पर जांच शुरू कर दी है। मोहाना थाना गोहाना-सोनीपत हाईवे पर स्थित है। मोहाना थाना गोहाना से लगभग 18 किलोमीटर दूर है। रविंद्र सोमवार को ड्यूटी पर था। वह वर्दी में ही रोहतक की तरफ जा रहा था। गांव रुखी में जहां वारदात को अंजाम दिया गया उससे अगला गांव जसिया है। प्रमोद इसी गांव के रहने वाले थे। प्रमोद घर जा रहे थे या किसी काम से दूसरी जगह जा रहे थे इस बारे में फिलहाल कुछ नहीं कहा जा सकता है।
चार वर्ष पहले गोहाना में की गई थी दो पुलिस कर्मियों की हत्या
लगभग चार वर्ष पहले बरोदा थाना के अंतर्गत बुटाना चौक के तैनात पुलिस कर्मी रविंद्र और कप्तान की धारदार हथियारों से हत्या की गई थी। दोनों पुलिस कर्मी उस दिन रात को गश्त ड्यूटी पर थे। बुटाना चौकी से 500 मीटर दूर उनकी धारदार हथियार से हमला करके हत्या की गई थी। तब वारदात में संंलिप्त हमलावरों का उसी दिन सुराग लग गया था। इस वारदात में संलिप्त गांव बुटाना की दो युवतियां और जींद के कुछ युवक शामिल थे।
NEWS SOURCE : jagran
