नई दिल्ली : भारत के लौहपुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल की आज 145वीं जयंती है। राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह समेत कई नेताओं ने उन्हें श्रद्धांजलि दी। इस दिन को राष्ट्रीय एकता दिवस (National Unity Day) के रूप में भी मनाया जाता है। गुजरात में सरदार पटेल की याद में 182 फीट ऊंची प्रतिमा स्टैच्यू ऑफ यूनिटी बनाई गई है। सरदार पटेल देश के पहले उप प्रधानमंत्री और गृह मंत्री रह चुके हैं। उन्होंने भारत के एकीकरण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ट्वीट कर सरदार पटेल को श्रद्धांजलि दी। पीएम ने लिखा, ‘राष्ट्रीय एकता और अखंडता के अग्रदूत लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल को उनकी जन्म-जयंती पर विनम्र श्रद्धांजलि।
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भारत के लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल की जयंती पर राष्ट्रपति कोविन्द ने नई दिल्ली के पटेल चौक स्थित उनकी प्रतिमा पर उन्हें श्रद्धा-सुमन अर्पित किए। इस दौरान उनके साथ उपराष्ट्रपति एम वेंकैया नायडू, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और दिल्ली के एलजी अनिल बैजल भी मौजूद थे।
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गृह मंत्री अमित शाह ने ट्वीट कर लौहपुरुष को श्रद्धांजलि दी। उन्होंने कहा, ‘राष्ट्रीय एकता के प्रतिबिंब व हर भारतीय के हृदय में बसने वाले लौह पुरुष सरदार पटेल जी को कोटिश: नमन। आजादी के बाद सैकड़ों रियासतों में बिखरे भारत का एकीकरण कर, उन्होंने आज के मजबूत भारत की नींव रखी। उनका दृढ़ नेतृत्व, राष्ट्र समर्पण व विराट योगदान भारत कभी नहीं भुला सकता।
शाह ने अगे लिखा, ‘संविधान एवं सनातन के संतुलन के अद्वितीय प्रतीक सरदार पटेल ने देश के एकीकरण से लेकर सोमनाथ मंदिर के पुनर्निर्माण तक अपने जीवन का क्षण-क्षण भारत में एक राष्ट्र का भाव जागृत करने के लिए अर्पित किया। कृतज्ञ राष्ट्र की ओर से ऐसे महान राष्ट्रभक्त लौह पुरुष सरदार पटेल के चरणों में वंदन।’

गौरतलब है कि सरदरा पटेल की 143वीं जयंती के मौके पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुजरात में स्टैच्यू ऑफ़ यूनिटी (Statue of Unity) का उद्घाटन किया था। यह दुनिया की सबसे ऊंची प्रतिमा है जिसकी ऊंचाई 182 मीटर (597 फीट) है। यह प्रतिमा नर्मदा नदी पर सरदार सरोवर बांध के सामने स्थित है।
