
फरीदाबाद: जिले में डेंगू के दो नए मरीजों की पुष्टि हुई है। अब कुल मरीजों की संख्या बढ़कर 21 हो गई है। जबकि मलेरिया के तीन मामले हैं। एक ओर जहां मरीजों की संख्या बढ़ रही है, वहीं दूसरी ओर जिला अस्पताल की ओर से भी लापरवाही की तस्वीरें सामने आ रही हैं। अस्पताल के मेडिकल वार्ड में टीबी के मरीजों के साथ सामान्य बीमारियों और डेंगू के मरीजों को भी भर्ती किया जा रहा है। आपातकालीन कक्ष में पहुंचने वाले डेंगू संभावित मरीजों के लिए भी उचित व्यवस्था नहीं है। जिला नागरिक बादशाह खान अस्पताल में प्रतिदिन इलाज के लिए दो हजार से अधिक मरीज पहुंचते हैं। वर्तमान में सबसे अधिक वायरल बुखार, खांसी-जुकाम और संक्रमण की समस्या से परेशान मरीज इलाज के लिए पहुंच रहे हैं। मौसम में परिवर्तन के कारण मरीजों की संख्या में इजाफा हुआ है। शनिवार को भी ओपीडी से लेकर डाक्टरों के कक्ष और दवा काउंटर पर मरीज काफी संख्या में दिखाई दिए।
आठ बेड के सहारे चल रहा मेडिकल वार्ड
मरीजों की बढ़ती संख्या के बीच मेडिकल वार्ड में बेड बढ़ाने की मांग उठ रही है। अस्पताल में बिस्तरों की कमी भी मरीजों के लिए परेशानी का कारण बनी हुई है। एक ही मेडिकल वार्ड में अलग-अलग बीमारियों से पीड़ित मरीजों को रखना चिंताजनक है। अस्पताल के मेडिकल वार्ड में करीब तीन डेंगू संभावित मरीज भर्ती हैं, जबकि आपातकालीन कक्ष में भी दो मरीज उपचाराधीन हैं। मरीजों के स्वजनों ने आरोप लगाया कि बेड की कमी के कारण रेफर भी किया जा रहा है।
19 मरीज हो गए स्वस्थ घोषित
डेंगू और मलेरिया के अधिकांश मरीजों का इलाज निजी अस्पतालों में चल रहा है। जिला स्वास्थ्य विभाग द्वारा शनिवार को जारी आंकड़ों के मुताबिक डेंगू के 21 में से 19 मरीज स्वस्थ घोषित हो गए हैं।
कोई भी बुखार डेंगू या मलेरिया हो सकता है। इसीलिए बुखार के हर मरीज के रक्त के नमूने की जांच की जा रही है। स्वास्थ्य विभाग की ओर से लोगों को जागरूक किया जा रहा है। कोई भी बुखार का मरीज डाक्टर से बिना परामर्श के दवा लेने से बचे। डेंगू के मरीजों को स्वस्थ होने के बाद घर भेजा जा रहा है। बढ़ते मामलों के बीच लोगों को सावधानी बरतने की आवश्यकता है।
– डॉ. जयंत आहूजा, मुख्य चिकित्सा अधिकारी।NEWS SOURCE Credit : jagran
