नई दिल्ली : दक्षिणी दिल्ली नगर निगम की शुक्रवार को हुई सदन की बैठक में हंगामेदार रहीं। जोरदार हंगामें के बीच विपक्ष के नेता प्रेम चौहान ने वेल में पहुंचकर महापौर के सामने अपने कपड़े फाड़ दिए। इससे हंगामा और बढ़ गया। सदन में मौजूद महिला पार्षदों ने उनके खिलाफ मोर्चा खोल दिया। महापौर ने भी कपड़े फाड़ने वाले विपक्ष के नेता के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई के आदेश दिए हैं।
शुक्रवार को नेता सदन नरेंद्र चावला ने सदन की बैठक शुरू की। बैठक में संक्रामक बीमारियों डेंगू, मलेरिया व चिकनगुनिया की रोकथाम पर चर्चा होनी थी। सदन में आम आदमी पार्टी (आप) के विधायक अजय दत्त भी मौजूद थे। बैठक शुरू होते ही विपक्ष की ओर से नेता प्रेम चौहान ने पहले विधायक को बोलने की अनुमति की मांग रखी। जबकि भाजपा की ओर से पार्षदों ने बोलना शुरू कर दिया।
माफी मांगने से किया इनकार
इस पर विपक्ष के नेता बिफर गए और वेल में पहुंचकर हंगामा करने लगे। हंगामा करते हुए विपक्ष के नेता प्रेम चौहान ने कुर्सी पर चढ़कर महापौर के सामने अपने कपड़े फाड़ने का प्रयास किया। इसके बाद सदन में मौजूद अन्य महिला पार्षद ने विरोध जताते हुए उनसे माफी की मांग की, लेकिन वह माफी नहीं मांगने पर अड़े रहे। सदन में हंगामे को देख महापौर ने कुछ देर के लिए सदन को स्थगित कर दिया।
विपक्ष के नेता के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई के आदेश
इसके बाद भी काफी देर तक सदन हंगामे की भेंट चढ़ा रहा। जब फिर से सदन की बैठक शुरू हुई तो विपक्ष के नेता वॉकआउट कर गए। जिसके, बाद महापौर ने प्रस्तावों को पारित करने की प्रक्रिया शुरू की। साथ ही कपड़े फाड़ने वाले विपक्ष के नेता के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई के आदेश दिए हैं। फिलहाल इस मुद्दे पर आम आदमी पार्टी की तरफ से कोई प्रतिक्रिया सामने नहीं आयी है।
