नई दिल्ली : रेल भूमि विकास प्राधिकरण (आरएलडीए) ने नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पर पांच लाख वर्ग मीटर के क्षेत्र और इसके आसपास 2.6 लाख वर्ग मीटर एक अन्य कॉमर्शियल क्षेत्र के पुनर्विकास के लिए निजी कंपनियों से निविदाएं मांगी हैं। प्राधिकरण ने कहा है कि इस प्रोजेक्ट को पूरा होने में करीब चार साल का समय लग सकता है।
आरएलडीए की ओर से मंगाई गई पात्रता संबंधी बोली में स्टेशन के पुनर्विकास की अनुमानित लागत 4,925 करोड़ रुपये है। इस प्रोजेक्ट में इस रेलवे स्टेशन का रीडेवलपमेंट, फ्लाईओवर के माध्यम से सड़क संपर्क, रेलवे कार्यालयों और भवनों का स्थानांतरण और सामाजिक बुनियादी ढांचे का निर्माण शामिल है। निविदा प्रपत्र में तय स्थानों पर रिटेल स्पेस, होटल, कार्यालय और सíवस अपार्टमेंट का निर्माण भी शामिल है। इस पूरी परियोजना की अनुमानित लागत 6,500 करोड़ रुपये है।
आरएलडीए के उपाध्यक्ष वेद प्रकाश डुडेजा ने कहा कि नई दिल्ली रेलवे स्टेशन को एक विश्वस्तरीय कॉमर्शियल और हॉस्पिटेलिटी बिजनेस डेस्टिनेशन के रूप में विकसित किया जाएगा। इससे पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा और नई दिल्ली और आसपास के क्षेत्रों में निवेश की संभावनाएं बढ़ेंगी। रेलवे स्टेशन का विकास चरणबद्ध ढंग से किया जाएगा, जिसमें स्टेशन के पुनर्विकास, संबंधित बुनियादी ढांचे का विकास, सोशल इन्फ्रास्ट्रक्चर में सुधार के साथ ही रेलवे कार्यालयों और आवास का नवीनीकरण शामिल है।
उल्लेखनीय है कि नई दिल्ली रेलवे स्टेशन देश का सबसे बड़ा और सबसे व्यस्त रेलवे स्टेशन है। कोरोना संक्रमण के पहले तक यहां हर दिन 4.5 लाख लोगों की आवाजाही रही है। सामान्य दिनों में इस स्टेशन से प्रतिदिन लगभग 400 ट्रेनें गुजरती हैं।
