
कार्गो लेकर जाएगा स्पेसक्राफ्ट :-
अंतरिक्ष परी के नाम पर उड़ान भरने वाला यह स्पेसक्राफ्ट स्पेस स्टेशन तक 3629 किलो कार्गो लेकर जाएगा। कार्गो डिलीवर करने के बाद यह स्पेसक्राफ्ट फायर एक्सपेरिमेंट-वी करेगा। इस प्रयोग के जरिए माइक्रोग्रेविटी में बड़े स्तर पर आग लगने के कारणों और स्थितियों का अध्ययन किया जाएगा। इसके बाद धरती पर स्पेसक्राफ्ट की पैसिफिक महासागर में लैंडिंग होगी।
पहली भारतीय महिला अंतरिक्ष यात्री थीं कल्पना :-
करनाल में जन्मीं कल्पना चावला अंतरिक्ष में जाने वाली भारतीय मूल की पहली महिला यात्री थीं। उनके नाम से ही उनके गृहक्षेत्र करनाल में मेडिकल कोलाज भी बनवाया गया है। कल्पना ने 19 नवंबर 1997 को अपना पहला अंतरिक्ष मिशन शुरू किया था। चंडीगढ़ के पंजाब इंजीनियरिंग कॉलेज से एयरोनॉटिकल इंजीनियरिंग में बीटेक करके कल्पना 1982 में अमेरिका गई थीं।1988 में उनकी नियुक्ति नासा में हुई।वो भारतीय मूल की पहली महिला यात्री थी जो नासा गई थी। मार्च 1995 में वह नासा की अंतरिक्ष यात्री कोर टीम में शामिल हुईं। एक फरवरी 2003 को कोलंबिया यान पृथ्वी की कक्षा में प्रवेश करते ही टूटकर बिखर गया और भारत की यह अंतरिक्ष परी अंतरिक्ष में ही रह गई। आज पुरे एक बार फिर से हरियाणा की छोरी का नाम देश ही नहीं विदेश में भी अमर होने वाला है।
