
यूपी के गोरखपुर में जालसाजों ने ठगी का नया पैतरा अपनाया हुआ है। अयोध्या में एक विभाग में तैनात अधिकारी के पास फोन कर साइबर जालसाजों ने उनके बेटे के रेप केस में फंसे होने की जानकारी दी। इस पर घबराए पिता ने बेटे के बारे में पता कराया और बेटे से बात की तब उन्हें साइबर जालसाजी के कॉल की जानकारी हुई। फिलहाल इस तरह की कॉल से जालसालों ने कई लोगों को अपना शिकार बनाते हुए लाखों रुपये ठग लिए हैं।
तारामंडल के रहने वाले संजय पांडेय के मोबाइल पर व्हाट्सऐप कॉल आई फोन करने वाले ने खुद को पुलिस इंस्पेक्टर बताया। उसने कहा कि आपका बेटा रेप में फंस गया है। थाने में उसकी बहुत पिटाई हुई है, बचाना चाहते हो तो रुपये लेकर थाने पहुंचों। इसके बाद फोन कट गया। कॉल पर व्यक्ति की बात सुनते ही एक सरकारी विभाग में तैनात अधिकारी संजय पांडेय सन्न रह गए। उन्होंने गोरखपुर स्थित अपने घर फोन किया तो पता चला कि उनका बेटा कोचिंग के लिए गया है। बेटे से भी बात नहीं हो पा रही थी।
परेशान संजय ने गोरखपुर में अपने एक रिश्तेदार को फोन कर इसकी जानकारी दी। रिश्तेदार ने कहा कि वह परेशान न हों। जब पुलिसवाला फोन करें तो उससे कोई बात न करें। रिश्तेदार ने कोचिंग पहुंचकर संजय की बात बेटे से कराई। जिसके बाद उनके जान में जान आई। संजय पांडेय ने बताया कि फोन करने वाले ने अपनी डीपी में पुलिस अधिकारी की फोटो लगाया था। अचानक इस तरह का फोन आने पर वह घबरा गए थे।
जालसाजों ने संजय पांडेय को दो बार और फोन किया लेकिन उन्होंने कॉल नहीं उठायी। संजय ने बताया कि गोरखपुर आने पर वह इस बात की जानकारी पुलिस को देंगे। बता दें कि इससे पहले तिवारीपुर में जालसाजों ने पुलिस बनकर बेटे को रेप के केस से रिहा करने के नाम पर एक शख्स से 4.70 लाख रुपये की ठगे थे। इस पर पीड़ित पिता ने तिवारीपुर थाने में तहरीर देते हुए अज्ञात जालसाज पर आईटी एक्ट और जालसाजी की धारा में मुकदमा दर्ज कराया था।
NEWS SOURCE : livehindustan
