Faridabad : जिले में कोरोना का दूसरा गेयर लग चुका है और हर दिन नई रफ्तार पकड़ रहा है। कोरोना उन लोगों को डस रहा है, जो अब भी सावधानी नहीं बरत रहे हैं। बीत 24 घंटे के दौरान तीन लोगों की मृत्यु हुई है। बुधवार को फिर 55 पाजिटिव मिले।
स्वास्थ्य सूत्रों के मुताबिक बीते चौबीस घंटे में तीन कोरोना संक्रमितों की मृत्यु हो गई।
मृतकों में सेक्टर 9 का एक 84 वर्षीय बुजुर्ग, वार्ड 11 का एक 67 वर्षीय व्यक्ति और सेहतपुर का एक 46 वर्षीय व्यक्ति शामिल है।
ईएसआई अस्पताल में अब क 14 लोगों को ऑक्सिजन पर रखा गया है, जबकि सिर्फ 3 मरीज ही वेंटिलेटर पर आश्रित है।
अब तक कुल 17 लोगों की मौत हुई है।
ईएसआई अस्पताल में 14 लोगों को ऑक्सिजन पर रखा गया है, जबकि सिर्फ 3 मरीज ही वेंटिलेटर पर आश्रित हैं।
कुल संक्रमित संख्या 995 हुई
शाम पांच तक मिली जांच रिपोर्टों में 55 लोग कोरोना संक्रमित पाए गए।
अब जिले में कोरोना संक्रमितों की संख्या 995 हो गई है।
14444 होम आइसोलेशन पर
स्वास्थ्य विभाग के एक प्रवक्ता ने बताया कि जिले में अब तक 15439 यात्रियों को सर्विलांस पर लिया जा चुका है, जिनमें से 5675 लोगों का निगरानी में रखने का 28 दिन का पीरियड पूरा हो चुका है।
शेष 9747 लोग अंडर सर्विलांस हैं।
कुल सर्विलांस में रखे गए लोगों में से 14444 होम आइसोलेशन पर हैं।
अब तक 15919 लोगों के सैंपल लैब में भेजे गए थे, जिनमें से 14085 की नेगेटिव रिपोर्ट मिली है तथा 839 की रिपोर्ट आनी शेष है।
अब तक 995 लोगों के सैंपल पॉजिटिव मिले हैं, जिनमें से 385 लोगों को अस्पताल में दाखिल किया गया है तथा 296 पॉजिटिव मरीजों को घर पर आइसोलेट किया गया है।
स्वस्थ होने के बाद 307 मरीजों को अस्पताल से डिस्चार्ज कर दिया गया है।
अब तक 17 मरीजों की मौत हो चुकी है, जिनमें कोरोना के साथ-साथ अन्य विभिन्न बीमारियां भी कारण रहीं।
कोरोना का दोबारा अटैक
डॉक्टरों का कहना है कि अभी तक फरीदाबाद में कोरोना के उस स्ट्रेन का संक्रमण काल चल रहा है, जो सिर्फ एक बार ही लोगों को संक्रमित कर रहा है।
कोरोना की विशेषता है कि यह दोबारा अटैक भी कर सकता है।
इसलिए कोरोना पीडि़त और स्वस्थ्य लोग लगातार सावधानी बरतें।
जो लोग पूर्व कोरोना पीडि़त हैं, वे प्लाज्मा दान करके अन्य संक्रमितों की सहायता कर सकते हैं।
प्रशासन की तैयारियां अधूरीं
अभी शहर में कोरोना का प्रथम चरण का अटैक ही पूरा नहीं हुआ है और स्वास्थ्य विभाग की तैयारियां दम तोडऩे लगी हैं।
पीडि़त कोविड-19 अस्पताल (ईएसआई अस्पताल) वीडियो वायरल करके वहां की अव्यवस्था का खुलासा कर चुके हैं।
संक्रमितों ने बताया कि ईएसआई अस्पताल में अस्वच्छता और अव्यवस्था का आलम है।
यहां कोई भी स्वस्थ व्यक्ति संक्रमित हो सकता है।
इस अस्पताल में कार्यरत कई स्वास्थ्य कर्मी पहले ही संक्रमित हो चुके हैं।
लापरवाही की हद
ईएसआई अस्पताल, बीके अस्पताल और बल्लभगढ़ के सिविल अस्पताल में कोरोना टैस्ट की व्यवस्था की गई थी।
किंतु तीनों ही अस्पतालों में कोरोना टैस्ट का काम ठप हो चुका है।
स्वास्थ्य विभाग में उस गंभीरता का अभाव दिख रहा है कि कोरोना के टैस्ट निर्बाध गति से जारी रह सकें।
प्रशासन करे डबल अटैक की तैयारियां
कुछ विशेषज्ञों का मत है कि कोरोना का प्रकोप जिन-जिन देशों में हुआ है, वहां कोरोना का डबल अटैक हुआ है।
वहां दोबारा कोरोना की रफ्तार बढ़ते हुए देखी गई है।
यहां तक की कोरोना मुक्त हो चुके लोगों को फिर से संक्रमण हुआ है।
इसलिए स्वास्थ्य प्रशासन को समय रहते डबल अटैक की तैयारियां अभी से करनी होंगी।
