देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश के छह राज्यों के लिए गरीब कल्याण रोजगार अभियान की शुरुआत कर दी है। इन छह राज्यों के अलग-अलग जिलों में श्रमिकों के हाथों को काम मिलेगा और रोजगार के अवसर बढ़ेंगे। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश को संबोधित करते हुए इस योजना का शुभारंभ किया।
कौनसे कौनसे हैं छह राज्य ?
बिहार के 32, उत्तर प्रदेश के 31, मध्य प्रदेश के 24, राजस्थान के 22, ओडिशा के 4 और झारखंड के 3 जिले शामिल हैं। इनमें करीब 88 लाख प्रवासी मजदूर अन्य राज्यों से लौटे हैं।
क्या है गरीब कल्याण रोजगार अभियान योजना ?
इस योजना के तहत श्रमिकों के हाथों को काम मिलेगा। जिस तरह से मनरेगा योजना है उसी तरह से गरीबों को इसमें रोजगार दिया जाएगा। इस योजना के तहत गरीबों के लिए पक्के मकान बनाए जाएंगे। कही शेड लगाए जाएंगे। कही जल जीवन मिशन को आगे बढ़ाया जाएगा। कहीं सड़कों को निर्माण करवाया जाएगा।
जहां पर पंचायत भवन नहीं है वहां पर पंचायत भवन का निर्माण करवाया जाएगा। गांव में सस्ता और तेज इंटरनेट होना जरूरी है, ताकि हमारे बच्चे पढ़ सकें। गांव में शहरों से ज्यादा इंटरनेट इंस्तेमाल हो रहा है। गांव में फाइबर केबल पहुंचे, इससे जुड़े काम भी होंगे। ये काम गांव के ही लोग करेंगे। आप लोग ही करेंगे।
योजना के तहत कितने दिन रोजगार मिलेगा ?
गरीब कल्याण रोजगार अभियान के तहत साल में 125 दिनों तक रोजगार मुहैया कराने की योजना है।
योजना के लिए कितना बजट रखा गया है ?
50 हजार करोड़ रुपए। कामगारों को योग्यता के हिसाब से 25 तरह के काम दिए जाएंगे। इनमें सड़क, ग्रामीण आवास, बागवानी, पौधारोपण, जल संरक्षण और सिंचाई, आंगनबाड़ी, पंचायत भवन और जल जीवन मिशन जैसे काम शामिल हैं।
