फरीदाबाद : [मिथलेश मिश्रा ] राष्ट्रीय महिला जागृति मंच द्वारा कोरोना काल 2021 में मदर्स डे धूमधाम से ऑनलाइन मनाया गया| जिसका आयोजन राष्ट्रीय महिला जागृति मंच महिला संस्थापक व अंतरराष्ट्रीय अध्यक्ष श्रीमती अंबिका शर्मा की देखरेख में राष्ट्रीय उपाध्यक्ष राष्ट्रीय महिला जागृति मंच की श्रीमती रेखा हिसार ने संयोजन किया गया | मातृ दिवस पर करवाए जाने वाले कार्यक्रम मां बच्चों की जान होती है को 2 वर्ग में बांटा गया एक तो सीनियर दूसरा जूनियर सीनियर वर्ग में सभी माताओं ने अपने बच्चों से समाज को संदेश दिया कि संकट की घड़ी में से बाहर कैसे निकला जा सकता है यह संदेश उन्होंने ऑडियो वीडियो द्वारा दिया | उनके विचार सुनकर मन भर आया | दूसरी तरफ सकारात्मक ऊर्जा का संचार हुआ कि उनके घर में कोरोना के पांव पसार रखे थे फिर भी उन्होंने अपना हौसला नहीं छोड़ा उसके बावजूद भी उन्होंने एक्टिविटी में भाग लिया और बता दिया कि महिलाएं अगर मन में विश्वास भरले तो उन्हें कोई नहीं डिगा सकता |
सभी संदेशों में एक बार झलक रही थी वह यह थी कि उन्होंने भगवान में विश्वास रखते हुए धैर्य और लगन से आगे बढ़ने और मुसीबतों से लड़ने की सीख दी| इस इस महोत्सव में मध्यप्रदेश गुजरात महाराष्ट्र पंजाब हरियाणा राजस्थान चंडीगढ उत्तर प्रदेश आदि राज्यों की महिलाओं ने बढ़ चढ़कर हिस्सा लिया | महिलाओं ने ही नहीं बच्चे भी इस उत्सव में अव्वल रहे | इसकार्यक्रम में अलकानीरज ,नंदिता चौबे,साधना सिंघवी कोटा ,सिद्धिद मनचंदा की ज्योति तिवारी नरसिंहपुर मध्य प्रदेश अरुणा दुबे नरसिंहपुर , डॉ.समिक्षा , अदिति और रिया फरीदाबाद, प्रिया भारती सरोजभारती , पंचकूला ख्याति शर्मा, भिलाई छत्तीसगढ़ ने उत्कृष्ट प्रदर्शन किया|| किसी ने मां को रिझाने के लिए नृत्य किया तो किसी ने गाना गाया, किसी ने चाय बनाई तो किसी ने गिटार बजाया ,किसी ने अपनी चुलबुली हरकतों से मॉं को हंसाया और किसी ने शॉर्ट वीडियो बनाएं और बड़े से लेकर छोटे सभी ने यह बता दिया कि मां बच्चों की जान होती है l
कार्यक्रम की सफलता पर संगठन की राष्ट्रीय संरक्षक सुश्री चित्रलेखा शर्मा जी, राष्ट्रीय अध्यक्ष अम्बिका शर्मा जी, राष्ट्रीय उपाध्यक्ष रेखा जी, धारणा अवस्थी जी, सपना मिश्रा जी, रेणुका यादव जी, राष्ट्रीय महासचिव एडवोकेट महेंद्र वशिष्ट जी, टाटा शोभा जी व समस्त टीम ने सभी प्रतिभागियों को बधाई व शुभकामनाएं दी l श्रीमती अंबिका शर्मा जी ने सभी मातृशक्ति व बच्चों को कहा है कि अगर हमें इस महा संकट की घड़ी से बाहर आना है तो हमें विश्व स्वास्थ्य संगठन द्वारा दिए गए निर्देशों का पालन करना चाहिए और ऐसी स्थिति में एक दूसरे का सहयोग बहुत ज्यादा मायने रखता है इसलिए एक दूसरे का सहयोग कीजिए l
