गुरदासपुर : नशे की गिरफ्त में आकर जहां कई नौजवान अपनी जिंदगियां बर्बाद कर रहे हैं उसके साथ ही गुरदासपुर जिले के शहर कादियां के पास के एक गांव की 20 वर्षीय लड़की भी प्रेम विवाह के बाद नशे की गिरफ्त में आकर अपना बड़ा नुकसान कर चुकी है। इस लड़की के लिए गुरदासपुर का रैड्ड क्रॉस नशा छुड़ाओ केंद्र वरदान सिद्ध हुआ है जहां इस लड़की ने नशे से तोबा करके अपना इलाज शुरू करवाया है और कुछ ही दिनों में इसकी हालत में काफी सुधार होना शुरू हो गया है।
16 साल की उम्र में मां-बाप ने कर दी थी शादी
पंजाब केसरी के साथ बातचीत करते हुए इस लड़की ने बताया कि उसे छोटी उम्र में ही एक लड़के से प्यार हो गया था जिसके बाद उसके मां बाप ने करीब 16 साल की उम्र में ही उस लड़के के साथ उसका विवाह कर दिया। वह अपने पती के साथ पठानकोट में रही। विवाह के बाद उसे पता चला कि उसका पति चोरियां करता है। इतना ही नहीं उसका पति नशे करने का आदि भी था और पति ने कई बार उसे भी हेरोइन का नशा करवा दिया। उसका पति चोरी के एक मामले में गिरफ्तार हो गया और जेल चला गया। करीब 2 साल बाद जब वह फिर जेल से बाहर आया तो वह कादियां में किराए के मकान में रहने के लिए आ गए। यहां उनके मकान नजदीक रहता एक अन्य व्यक्ति उसके पति के संपर्क में आ रहा और वह व्यक्ति भी नशा बेचने का काम करता था।
रोजाना 2 हजार रुपए से ज्यादा का नशा करती थी लड़की
इस उपरांत उसका पति और यह व्यक्ति भी इकठ्ठे नशा करने लग पड़े।। लड़की ने बताया कि उसका पति फिर एक चोरी के मामले में पुलिस की तरफ से गिरफ्तार कर लिया गया जिसके बाद उसका पड़ोसी लड़का उसके घर आता जाता रहा और पड़ोसी के साथ मिल कर उसने भी नशा करना शुरू कर दिया। उक्त व्यक्ति उसके घर नशा बेचने के लिए भी आने जाने लग पड़ा। और कई बार उसे भी नशे की स्पलाई लेने और देने के लिए भेजने लग पड़ा। लड़की ने बताया कि उसके घर एक लड़का भी पैदा हुआ, परन्तु नशे की हालत में उसे इतनी भी होश नहीं रहती थी कि वह अपने लड़के की संभाल कर सके। यहां तक कि वह खुद भी कई कई दिन रोटी नहीं खाती थी और रोजाना 2 हजार रुपए से ज्यादा पैसे खर्च करके हेरोइन का नशा करती थी।
