
गुरुग्राम: भाजपा के प्रदेश प्रवक्ता सूरजपाल सिंह अम्मू ने बृहस्पतिवार को पद और पार्टी दोनों से इस्तीफा दे दिया। उन्होंने अपना इस्तीफा राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा को भेजा है। इसकी कॉपी प्रदेश भाजपा अध्यक्ष व मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी को भेजी है। उन्होंने भाजपा के शीर्ष नेतृत्व पर क्षत्रिय समाज के साथ अनदेखी करने का आरोप लगाया है। राजनीतिक एवं सामाजिक विरोधी विचारधारा को अपनाने का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि पिछले कुछ सालों से ऐसा चल रहा है। महारानी पद्मावत फिल्म के समय संजय लीला भंसाली द्वारा क्षत्रिय समाज की भावनाओं से खिलवाड़ करने का दुस्साहस किया गया। उस समय क्षत्रिय समाज के लोग अपने मान सम्मान को बचाने के लिए लोकतांत्रिक तरीके से सड़क पर आंदोलन करने उतरे थे।
क्षत्रिय समाज की माता बहनों के चरित्र पर टिप्पणी
आंदोलन करने वालों पर झूठे मुकदमे दर्ज कर हजारों नौजवानों के भविष्य को बर्बाद करने वाली कार्रवाई भाजपा शासित प्रदेशों में की गई थी। आज तक युवा झूठे मुकदमों को झेल रहे हैं। बार-बार मनुहार के बाद भी मुकदमे वापस नहीं लिए गए। वर्तमान में गुजरात में वरिष्ठ भाजपा नेता व पूर्व केंद्रीय मंत्री द्वारा क्षत्रिय समाज की माता बहनों के चरित्र पर लज्जाजनक टिप्पणी की गई। ऐसे व्यक्ति को भाजपा ने टिकट का इनाम देकर क्षत्रिय समाज को अपमानित करने का काम किया।
अम्मू 10 वर्ष की आयु में ही आरएसएस से जुड़े
अम्मू ने कहा है कि उन्होंने अपने 35 वर्षों तक भाजपा में रहते हुए कभी कुछ नहीं मांगा। राजपूत समाज के ऊपर लज्जाजनक टिप्पणी करने वालों को पार्टी द्वारा संरक्षण दिए जाने से आहत होकर वह अपना इस्तीफा दे रहे हैं। बता दें कि अम्मू 10 वर्ष की आयु में ही राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ से जुड़ गए थे। 1985 से 1987 तक अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद में रहे। भाजपा में विभिन्न पदों पर रहे। वह सामाजिक संगठन करणी सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष हैं।
NEWS SOURCE : jagran
