फरीदाबाद : राष्ट्रीय महिला जागृति मंच की चेयरपर्सन अम्बिका शर्मा अपनी टीम राजबाला सरदाना, नीलम चौधरी, उषा रानी, अर्चना चित्रा, प्रिया सहगल व पीड़ित महिला के साथ फरीदाबाद के सीपी आफिस पहुँची। पीड़ित महिला लगातार 8 महीने से महिला थाने, सदर थाने के चक्कर लगा लगाकर थक चुकी थी लेकिन कोई सुनवाई नही हो रही थी। महिला थाने में तैनात अधिकारी पीड़ित महिलाओं से अभद्र व्यवहार करती थी ओर ना ही उसकी कमलेंट पर ठीक से कार्यवाही करती थी। पीड़ित महिला राष्ट्रीय चेयरपर्सन अम्बिका शर्मा जी से मई महीने में मिली और अपनी व्यथा सुनाई। अम्बिका शर्मा जी ने महिला थाने जाकर दोनो में समझौता भी करवाया ताकि उनका परिवार कुशल मंगल से रह सके। लेकिन पति थाने में तो समझौता कर लेता था पर घर जाकर महिला को फिर परेशान करने लगा। बहुत बार समझाने ओर आगाह करने का बाद भी पीड़ित महिला का पति नही सुधरा व किसी की एक नही सुनता था। साठ गाँठ करके हमेशा बच जाता था।
लेकिन आज अम्बिका शर्मा जी टीम के साथ पीड़ित महिला को लेकर सीपी आफिस पहुँची। सीपी साहब, डीसीपी हेड क्वार्टर, एसीपी महिला सैल व सुपरिटेंडेंट से मिले व पीड़ित महिला के सबके साथ अलग अलग से बयान करवाये। डीसीपी हेड क्वार्टर ने एसएचओ (महिला सैल) को तुरंत बुलाया व पति पर मुकदमा दर्ज करने के आदेश दिए।
अम्बिका शर्मा जी ने सीपी ऑफिस में सभी वरिष्ठ अधिकारियों को महिला थानों में पीड़िताओं की सुनवाई ना किये जाने और उनके साथ अभद्र व्यवहार किये जाने के मामले में संगठन की तरफ से ज्ञापन सौंपा। अम्बिका शर्मा जी का कहना है कि देर से ही सही पर न्याय जरूर मिलता है। हमें सच्चाई , ईमानदारी और ईश्वर पर भरोसा रखना चाहिए। धर्म की हमेशा विजय होती है और अधर्म का नाश होता है।

