कोलकाता के अलग-अलग इलाकों से कुल 15 लोगों को गिरफ्तार किया गया है. ये सभी दिवाली और कालीपूजा के मौके पर शनिवार शाम को पटाखे जलाते हुए पकड़े गए हैं, जो हाई कोर्ट के आदेश का उल्लंघन है. पिछले हफ्ते ही कलकत्ता हाई कोर्ट ने दिवाली, कालीपूजा और छठ पूजा को देखते हुए पटाखों पर बिक्री पर रोक लगाने को कहा था. जिससे कोरोना महामारी को देखते हुए प्रदूषण पर रोक लगाई जा सके. जिसके बाद प्रदेश पुलिस हाई कोर्ट के आदेशों का पालन कराने के लिए सख्त नजर आई.

एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि हमें बहुत कम लोगों ने ही पटाखे जलाने को लेकर शिकायत की थी. रात के 9.30 बजे तक हमने कोलकाता के अलग-अलग इलाकों से 15 लोगों को पटाखे जलाने की वजह से गिरफ्तार किया है. इससे पहले कोलकाता पुलिस ने तीन लोगों को पकड़ा था, जिनके पास से 200 किलो से ज्यादा पटाखे बरामद किए गए.
वहीं उत्तर प्रदेश के ग्रेटर नोएडा इलाके से पांच लोगों को पटाखे बेचने के आरोप में गिरफ्तार किया गया है. दरअसल नोएडा और ग्रेटर नोएडा एनसीआर का इलाका है, जहां पर प्रदूषण की सबसे अधिक मार पड़ती है. इसी वजह से एनजीटी (नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल) ने पटाखे की खरीद-बिक्री पर पूरी तरह से रोक लगा रखी है.
ग्रेटर नोएडा इलाके से पटाखों के 39 कार्टन सीज किए गए हैं, जिसकी कीमत चार लाख रुपये बताई गई है. पुलिस प्रवक्ता ने कहा जिन लोगों को पकड़ा गया है उनकी पहचान विजय सैनी और कासिफ के तौर पर की गई है. दोनों बुलंदशहर इलाके के रहने वाले हैं.
दिल्ली के कई इलाकों में AQI 999
सुप्रीम कोर्ट और एनजीटी के आदेश के बावजूद दिवाली की रात दिल्ली-एनसीआर में आतिशबाजी हुई. इसका नतीजा ये हुआ कि पहले से ही खराब दिल्ली की हवा गंभीर स्थिति में जा पहुंची.
दिवाली की रात हुई आतिशबाजी के चलते दिल्ली का एयर क्वालिटी इंडेक्स (AQI) गंभीर श्रेणी में जा पहुंचा. दिल्ली के कई इलाकों में एयर क्वालिटी इंडेक्स 999 तक पहुंच गया. पूरी दिल्ली रात के वक्त दिवाली के पटाखों के प्रदूषण की चादर में लिपटी रही.
प्रदूषण की स्थिति से निपटने के लिए उत्तरी दिल्ली नगर निगम ने आधी रात में सदर बाजार इलाके में पानी का छिड़काव किया. नॉर्थ दिल्ली के मेयर जयप्रकाश हॉट स्पॉट एरिया में फॉगिंग कराते नजर आए ताकि बढ़े हुए प्रदूषण को कम किया जा सके. दिल्ली में तड़के चार बजे दर्ज किए AQI में गंभीर स्थिति देखने को मिली.
