फरीदाबाद : [पत्रकार मिथलेश मिश्रा ] बाइपास रोड स्थित यूनिवर्सल मल्टीपल अस्पताल के अनुभवी चिकित्सकों ने एक महिला के पैर, जिसकी नसें ब्लॉक होने से पैर में मवाद पडक़र काला पड़ गया था, का सफल इलाज कर उसे जीने की नई उम्मीद प्रदान की है।अस्पताल के हृदय, नस व फेफड़े रोग विशेषज्ञ डा. शैलेष जैन ने बताया कि अनीता नामक महिला जो पलवल की निवासी हैं, उनके अस्पताल में पैर की परेशानी को लेकर आई, उसके बाएं पैंर की नसें ब्लॉक थीं और पंजे के नीचे का पूरा हिस्सा काला पड़ गया था।
मरीज पिछले एक साल से रोज लगभग 20 बीड़ी पीती थी। मरीज की पैर की रक्त वाहिनी घुटने के नीचे ऐडी तक पूरी तरह से बंद थी। मरीज नयी दिल्ली स्थित एम्स संस्थान में दिखाने के दौरान डाक्टरों ने उसे सलाह दी थी कि उसके पैर को घुटने तक काटना पड़ेगा। इसके बाद वह यूनिवर्सल अस्पताल में आई तो हमारे अनुभवी चिकित्सकों ने उसके पैर की एंजियोग्राफी करके जांच की गई तथा इसके उपरांत एंजियोप्लास्टि सर्जरी के माध्यम से घुटने से लेकर पंजे तक ब्लॉक हुईं नसों को आधुनिक तकनीक द्वारा खोला गया तथा काले पड़े हिस्से को सर्जरी द्वारा साफ किया गया और फिर वक्ययूम थैरेपी से तीन माह तक पट्टियां कर सफल इलाज किया गया। अब उनका पैर बिना काटे पूरी तरह ठीक हो गया है और पैर का कालापन भी धीरे-धीरे दूर हो गया है। इसके लिए महिला ने अस्पताल के डाक्टरों का आभार व्यक्त किया है। डा. शैलेष जैन ने बताया कि अब आधुनिक तरीके से मरीज के पैर की बंद रक्त वाहिनी को खोलना सम्भव है। फरीदाबाद में यूनिवर्सल अस्पताल ही एक ऐसा अस्पताल है जिसमें (Hybrid OT) हायब्रिड ऑपरेशन थियेटर की सुविधा उपलब्ध है। महिला के पैर का सफल इलाज करने वाली टीम में हृदय रोग विशेष डा. शैलेष जैन, कार्डियोलॉजिस्ट डा. रहमान, डा. पवन तथा फिजिशयन डा. पारितोष मिश्रा शामिल रहे।
