भिवानी : श्री राम मंदिर अयोध्या के लिए अपने प्राणों की आहुति देने वाले दो सगे भाई राम शरद कोठारी बन्धुओं का श्री राम मंदिर में अहम योगदान है ।उक्त बात श्री रामबिलास शर्मा ने कलकत्ता में आयोजित बहन पूर्णिमा के सत्कार समारोह में कही।उनके इस बलिदान को भुलाया नही जा सकता । राम शरद कोठारी स्मृति संघ ने आज जो उनकी बहन पूर्णिमा पठारी का सत्कार समारोह जो किया उसके लिए मैं कोठारी समर्थित संघ को बधाई देता हूं धन्यवाद करता हूं । श्री रामविलास शर्मा ने कार्यक्रम में उद्बोधन की देते हुए कहा कि कोठारी बंधु जैसी पुण्य आत्माएं विरली ही समाज में जन्म लेती हैं
उन्होंने कहा कि धन्य है वह माता-पिता जिनकी कोख से ही महान आत्माओं ने जन्म लिया और भगवान श्री रामचंद्र के इस पुण्य कार्य के लिए अपने प्राणों की आहुति दे दी ।उन्होंने कहा कि करोड़ों राम भक्तों की मेहनत और बलिदान के कारण और देश के यशस्वी प्रधानमंत्री श्रीमान नरेंद्र भाई मोदी जी के नेतृत्व में आज वर्षों पुराना सपना पूरा हो रहा है उन्होंने कहा कि मुझे भी वह दिन याद है जब मैं सबसे छोटी आयु का बालक था और कारसेवक के रूप में अयोध्या में पहुंचा था ।जब यह पता चला कि आज माननीय प्रधानमंत्री जी श्री राम मंदिर की भूमि पूजन के लिए वहां पहुंच रहे हैं तो खुशी के मारे आंखों में पानी आ गया और एक शरीर को महसूस हुआ कि मोदी है तो मुमकिन है। श्री राम मंदिर के लिए अनेकों युवा युवतियों, अनेको राम भक्तों ने बलिदानी दी। आज पूरा विश्व मानता है जिस दिन का इंतजार था वह दिन आ गया है और इस पूरे भारतवर्ष में राम राज्य स्थापित होने जा रहा है ।आज चारों तरफ के वातावरण को आप ध्यान से देखेंगे तो चारों तरफ से श्री राम की ध्वनि सुनने को मिलेगी उन्होंने कहा कि मैं राम शरद कोठारी स्मृति संघ को भी बधाई देता हूं की यूपी के उपमुख्यमंत्री श्रीमान केशव प्रसाद मौर्य के साथ इस पुण्य कार्य क्रम में मुझे भी याद किया मैं ऐसे हुतात्मा कोठारी बंधुओं को शत-शत नमन करता हूं।
