भिवानी : कोरोना कॉविड 19 की दूसरी खतरनाक लहर गंभीर चुनौती के रूप में सामने आई है। प्रचंड होते जा रहे कोरोना महामारी को देखते हुए केंद्र सरकार और राज्य सरकार के द्वारा स्वास्थ्य के क्षेत्र में मौजूदा हालात को देखते हुए संसाधन जल्द से जल्द लोगों के स्वास्थ्य के लिए उपलब्ध हो सके , केंद्र सरकार और राज्य सरकार इस दिशा में 24 घंटे गंभीरता के साथ में काम कर रही है। कोई भी आपदा हो , वह जब भी आती है सभी के लिए बेहद पीड़ा दायक साबित होती है और यही आपदा हमें अपना भविष्य सुरक्षित और बेहतर बनाने के लिए भी सबक सिखाने का काम करती है ।
उक्त शब्द भाजपा नेता रीतिक वधवा ने आज यहां कहे ! उन्होंने कहा की कोरोना एक ऐसी बीमारी है जो कि करीब 14 दिन में इस बीमारी से पीड़ित स्वस्थ हो जाता है । लेकिन इस दौरान पीड़ित व्यक्ति को जो भी शारीरिक रूप से क्षति पहुंचती है, उसका उपचार केवल और केवल डॉक्टरों अथवा चिकित्सकों के द्वारा ही संभव है । उन्होंने कहा कि सबसे महत्वपूर्ण यह है कि कोई भी बीमारी अथवा रोग हो, पीड़ित अथवा रोगी को दिमागी और मानसिक रूप से मजबूत बनाया जाना जरूरी है कि वह पूरी तरह से स्वस्थ हो सकता है । नकारात्मक सोच अथवा विचारों से पीड़ित व्यक्ति अक्सर हताश और निराश भी हो जाते हैं । ऐसे में रोगी को दिमागी और मानसिक रूप से मजबूती प्रदान करना मेडिकली और सामाजिक दायित्व भी हम सभी का बनता है ।
उन्होंने कहा कि कोरोना की महामारी में रक्तकोष में रक्त की भारी कमी चल रही है इसकी आपूर्ति के लिए सभी को आगे आना चाहिए और कोविड-19 से ठीक हो चुके लोगों को चाहिए कि कोरोना से ग्रस्त लोगों के लिए वे प्लाज्मा दान करने के लिए भी आगे आएं ! उन्होंने कहा कि रक्तदान प्लेटलेट्स और प्लाज्मा दान करने से मानव के शरीर पर कोई विपरीत प्रभाव नहीं पड़ता ! उन्होंने आम जनमानस का भी आह्वान किया कि कोरोना प्रोटोकॉल अथवा गाइडलाइन का पूरी ईमानदारी के साथ में स्वयं सहित अन्य के स्वस्थ रहने के लिए पालन किया जाना अति आवश्यक और समय की मांग है । आज के दौर में स्वास्थ्य विभाग , शासन-प्रशासन और सरकार का कोरोना महामारी पर नियंत्रण पाने के साथ-साथ पराजित करने में भी अपना सक्रिय योगदान करें। जिससे कि घर-परिवार ,समाज और इसके साथ ही राष्ट्र पूरी तरह से स्वस्थ बन सके।
