फरीदाबाद : [मिथलेश मिश्रा ] डीसी यशपाल ने कहा कि प्रशासन के साथ आमजन की सहभागिता कोरोना नियंत्रण में सहायक बनेगी। इस कार्य में निजी अस्पतालों की भूमिका भी बहुत ज्यादा महत्वपूर्ण है। वह सभी निजी अस्पतालों के संचालकों एवं स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों के सा वर्चुअल बैठक कर रहे थे। यशपाल ने कहा कि सरकार निजी अस्पतालों में दाखिल बीपीएल व अन्य मरीजों के लिए जो आर्थिक मदद दे रही है अस्पताल उसका पूरा फायदा मरीजों को दें ।
उन्होंने बताया कि सरकार ने कोरोना से प्रभावित गरीब मरीजों की आर्थिक सहायता करने का निर्णय लिया है। हरियाणा सरकार नई पहल द्वारा प्रदेश के ऐसे कोविड मरीज जो गरीबी रेखा से नीचे हैं व आयुष्मान भारत योजना के तहत सुविधा प्राप्त नहीं कर रहे हैं, को राज्य सरकार द्वारा कोविड उपचार अधिकृत निजी अस्पतालों में इलाज के लिए प्रतिदिन प्रति मरीज 5000 रुपए अनुदान स्वरूप देने का निर्णय लिया है जोकि अधिकतम 35000 रुपए प्रति मरीज होगी। यह राशि मरीज को डिस्चार्ज होने के समय बिल से घटा दी जाएगी। उन्होंने यह भी बताया कि निजी अस्पतालों में राज्य के भर्ती उपचारित मरीजों के लिए प्रतिदिन प्रति मरीज एक हजार रुपए व अधिकतम 7000 रुपए की प्रोत्साहन राशि निर्धारित की है। यह राशि मरीज के डिस्चार्ज होने के बाद अस्पतालों के बैंक खातों में भेजी जाएगी।
उन्होंने बताया कि गरीबी रेखा से नीचे ऐसे होम आइसोलेटेड कोविड मरीजों को 5000 रुपए की एकमुश्त राशि चिकित्सा सहायता के रूप में भी दी जाएगी और यह राशि सीधे मरीजों के बैंक खाते में भेजी जाएगी। लेकिन लाभार्थी कोविड मरीजों का परिवार पहचान पत्र होना अनिवार्य है। निजी अस्पतालों को ऐसे मरीजों की जानकारी https://gmdahheal.in पर अपलोड करनी होगी।
