
MCD Election 2022 News: एमसीडी चुनाव में टिकट धांधली का मामला सामने आया है. दिल्ली की एंटी करप्शन ब्रांच ने पैसे लेकर पार्षद का टिकट बेचने के आरोप में आम आदमी पार्टी के विधायक के साले सहित तीन लोगों को गिरफ्तार किया है. इन पर एक महिला से पार्षद का टिकट दिलाने के लिए 90 लाख रुपये मांगने का आरोप है. एक आधिकारिक बयान के मुताबिक, यह मामला सोमवार को उस समय सामने आया जब गोपाल खारी नाम का एक व्यक्ति अपनी शिकायत लेकर एसीबी के पास पहुंचा. खारी ने दावा किया कि वह साल 2014 से ‘आप’ से एक सक्रिय कार्यकर्ता के रूप में जुड़ा हुआ है.
एसीबी ने बताया कि खारी ने पिछले बुधवार को मॉडल टाउन के विधायक अखिलेश पति त्रिपाठी से मुलाकात की थी. खारी ने अपनी पत्नी को कमला नगर के वार्ड नंबर 69 से पार्षद चुनाव के लिए ‘आप’ का टिकट दिलाने का अनुरोध त्रिपाठी से किया.
विधायक राजेश गुप्ता का भी आया नाम
एसीबी के मुताबिक, त्रिपाठी ने टिकट के बदले कथित तौर पर 90 लाख रुपये की रिश्वत मांगी थी, जिसके बाद खारी ने उन्हें 35 लाख रुपये का भुगतान किया था. शिकायत के अनुसार, त्रिपाठी के कहने पर खारी ने ‘आप’ विधायक राजेश गुप्ता को भी 20 लाख रुपये दिए थे. इसमें दावा किया गया है कि खारी ने त्रिपाठी से कहा था कि वह बाकी राशि का भुगतान टिकट मिलने के बाद करेगा. हालांकि रविवार को जारी उम्मीदवारों की सूची में खारी को अपनी पत्नी का नाम नहीं दिखा और उसने जिस वार्ड से टिकट मांगा था, उस पर ‘आप’ ने किसी और को प्रत्याशी घोषित किया थ. इसके बाद त्रिपाठी के साले ओम सिंह ने खारी से संपर्क किया और भरोसा दिलाया कि उन्हें अगले चुनाव में टिकट दिया जाएगा. सिंह ने खारी को रिश्वत की रकम लौटाने की पेशकश भी की.
एसीबी ने जाल बिछाकर तीन को किया अरेस्ट
एसीबी ने सोमवार और मंगलवार की दरमियानी रात को खारी के घर पर जाल बिछाकर सिंह और उसके सहयोगियों-शिव शंकर पांडे और प्रिंस रघुवंशी को गिरफ्तार कर लिया, जो खारी को त्रिपाठी द्वारा लिए गए 33 लाख रुपये लौटाने पहुंचे थे. एसीबी ने बताया कि सिंह, पांडे और रघुवंशी को भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम और भारतीय दंड संहिता (आईपीसी) के विभिन्न प्रावधानों के तहत गिरफ्तार किया गया. एसीबी के मुताबिक, पांडे ‘आप’ विधायक अखिलेश पति त्रिपाठी का साला है. एसीबी के अनुसार, शिकायतकर्ता ने रिश्वत की राशि के भुगतान और वापसी के दौरान हुई कथित बातचीत की ऑडियो और वीडियो रिकॉर्डिंग भी पेश की है. भ्रष्टाचार निरोधी शाखा ने कहा कि पूरे मामले का पता लगाने और सबूत इकट्ठा करने के लिए जांच की जा रही है.
NEWS SOURCE : zeenews
