फरीदाबाद : निजी टैंकरों से शहरी क्षेत्र में पेयजल की आपूर्ति करने वाले ठेकेदार अब निगम के बूस्टिग स्टेशन से लेकर पानी नहीं बेच पाएंगे। ठेकेदार को खुद ही पानी का इंतजाम करना होगा। हर टैंकर की निगरानी रहेगी और टैंकर को जीपीएस सिस्टम से जोड़ा जाएगा। निगम के किसी बूस्टिग स्टेशन से निजी टैंकर संचालक पानी भरते पाए गए, तो ठेकेदार के साथ ही जेई तथा आपरेटर के खिलाफ भी कार्रवाई की जाएगी। नगर निगम ने गर्मी को ध्यान में रखते हुए उन क्षेत्रों में निजी टैंकरों के माध्यम से पानी आपूर्ति करने की तैयारी कर ली है, जिन क्षेत्रों में पेयजल किल्लत ज्यादा है। निगमायुक्त डॉ.यश गर्ग ने सभी कार्यकारी अभियंताओं से ब्यौरा मांगा है कि उनके क्षेत्रों में कितने निजी टैंकरों से पानी की आपूर्ति किए जाने की जरूरत है।
बता दें कि पिछले वर्षों में लगभग 3 करोड़ (प्रति वर्ष) रुपये का पानी शहरवासियों को निजी टैंकरों के माध्यम से नगर निगम ने पिलाया था। नगर निगम टैंकर संचालकों को पानी आपूर्ति का ठेका देता है। आमतौर पर मई और जून में पानी की दिक्कत ज्यादा रहती है। ऐसे में निगम अधिकारियों की मांग पर निजी टैंकर संचालक पानी की आपूर्ति करते हैं। टैंकर तो ठेकेदार का होता है, लेकिन पिछले वर्षों की बात करें, तो टैंकर संचालक निगम के बूस्टर से ही पानी भर कर लाते थे और इसका भुगतान निगम की ओर से किया जाता था। जहां पानी नहीं पहुंचता, वहां कई लोगों को पानी खरीद कर पीना पड़ता है। सभी अधिकारियों को इस बारे सख्त आदेश दिए हैं कि ठेकेदार ही पानी का इंतजाम करेंगे, तभी उनका भुगतान किया जाएगा। जनता को जरूरत के मुताबिक पानी की आपूर्ति की जाएगी।
-डॉ.यश गर्ग, निगमायुक्त एनआइटी में पेयजल किल्लत अधिक है। पानी का वितरण सही नहीं है। मैंने इस मुद्दे को विधानसभा में भी उठाया था। साथ ही निगमायुक्त डॉ.यश गर्ग को भी एनआइटी की स्थिति से अवगत कराया था। मेरा प्रयास है कि पूरे एनआइटी क्षेत्र को पर्याप्त पानी मिले। अब निगमायुक्त बेहतर प्रयास कर रहे हैं।
-नीरज शर्मा, विधायक एनआइटी। मेरे क्षेत्र की जनता को समुचित पेयजल आपूर्ति हो, इसके लिए निगमायुक्त से बातचीत हुई है। मेरा प्रयास है कि बूस्टरों के जरिए ही पानी घरों तक पहुंचे और जहां कोई तकनीकी दिक्कत आएगी, तो टैंकरों के जरिए पानी भिजवाना सुनिश्चित किया जाएगा। निगमायुक्त ने जो कदम उठाए हैं, वो सही हैं।
-नरेंद्र गुप्ता, विधायक, फरीदाबाद क्षेत्र इनसेट..
प्रतिदिन भेजे जाने वाले पानी के टैंकरों की मांग का ब्यौरा
-एनआइटी, 80 टैंकर।
-बड़खल, 70 टैंकर।
-बल्लभगढ़, 25 टैंकर।
-ओल्ड फरीदाबाद, 10 टैंकर।
