
भारत में ज्यादतर लोग सरकारी नौकरी की चाहत रखते हैं. इन नौकरियों में जहां पैसा अधिक है, उससे ज्यादा है जॉब स्टैबिलिटी. यानी आपका पूरा भविष्य ही सुरक्षित हो जाता है. सरकार अपने कर्मचारियों को कई तरह की सुविधाएं देती है. चाहे वो नौकरी के दौरान हो या रिटायर करने के बाद. एक बार सरकारी नौकरी लग जाने के बाद लोगों की जिंदगी बदल जाती है. पहले सरकारी नौकरी पाने के लिए लोगों को पात्रता परीक्षा पास करना जरुरी था. लेकिन अब एक नई सहरत भी इसमें जोड़ दी गई है.
हाल ही में राजस्थान सुप्रीम कोर्ट ने सरकारी नौकरी पाने के एक अन्य नियम को बरकरार रखा है. इस नियम के अनुसार सरकारी नौकरी की चाहत अगर आप रखते हैं तो आपके दो ही बच्चे होने चाहिए. जिन लोगों के दो से अधिक बच्चे हैं, उन्हें नौकरी नहीं मिल सकती. इस नियम के खिलाफ कोर्ट में एक मामला आया था. लेकिन कोर्ट ने फैसले को बरकरार रखते हुए कहा कि ये नियम राज्य के हित के लिए है.
दायर हुई थी अपील
राजस्थान में सरकारी नौकरी पाने के लिए बनाई गई इस शर्त के खिलाफ एक याचिका दर्ज की गई थी. ये याचिका पूर्व सैनिक रामजी लाल जाट ने दायर की थी. रामजी 2017 में सेना से रिटायर हुए थे. इसके बाद उन्होंने 25 मई 2018 को राजस्थान पुलिस में कॉन्स्टेबल पद के लिए आवेदन दिया था. लेकिन उनके आवेदन को रिजेक्ट कर दिया गया. उनके दो से अधिक बच्चे हैं. इस आधार पर उनकी एप्लिकेशन रिजेक्ट कर दी गई. इस बात के खिलाफ ही रामजी ने याचिका दायर की थी.
बरकरार रखा फैसला
इस याचिका पर सुनवाई करते हुए न्यायमूर्ति सूर्यकांत की अध्यक्षता वाली पीठ ने कहा कि जिनके भी 1 जून 2002 या उसके बाद दो से अधिक बच्चे हैं, उन्हें राजस्थान में सरकारी नौकरी नहीं मिल सकती. राजस्थान विभिन्न सेवा (संसोधन) नियम 2001 के मुताबिक़, जिनके भी दो से अधिक बच्चे हैं, उन्हें सरकारी नौकरी नहीं मिल सकती. इस फैसले को अदालत ने सुरक्षित रखा और रामजी की याचिका ख़ारिज कर दी l
NEWS SOURCE : news18
