गुरु गोरक्षनाथ मानव कल्याण संस्थान कपूरथला पंजाब एवं संत एकता आंदोलन परिषद के परमाध्यक्ष महंत कैलाश नाथ हठयोगी ने बयान जारी कर कहा कि केंद्र राज्य सरकार समस्त देशवासियों एवं विशेष रूप से राम भक्तों से अनुरोध किया है कि अयोध्या में मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान श्री राम के नाम पर विश्व स्तर का अस्पताल का निर्माण कराया जाए जहां पर संपूर्ण विश्व के लोग का इलाज हो सके मंच ने कहा कि राम सर्वव्यापी हैं कण-कण में विराजमान हैं राम को एक दीवार कमरे के अंदर कैद करना कहां तक उचित होगा?
राम का प्रमाण सर्वत्र है सभी धर्मों सभी वर्गों समस्त विश्व सबवे मानव समाज सहित प्रत्येक जीव में प्रभु राम विराजमान हैं अतः सभी की निरोगी काया के लिए अच्छा होता कि राम मंदिर के साथ-साथ उनके नाम से दिव्य एवं भव्य अस्पताल भी बनाया जाता जहां सभी का इलाज सके, भारत में मठ मंदिरों का अभाव नहीं है मठ मंदिर असंख्य हैं जो विरान पड़े हैं जहां उनके रखरखाव की व्यवस्था नहीं है उनका जीर्णोद्धार करना भी जरूरी है तथा उनकी देखरेख आरती पूजा का होना उनमें अस्पताल स्कूल वृद्धाश्रम अनाथालय पुस्तकालय आदि का श्री गणेश जनमानस की सेवा हो इससे अच्छा क्या हो सकता है कुरौना काल में संपूर्ण विश्व परेशान है यदि वर्तमान समय में सरकार और देशवासी यह सुनिश्चित कर लें कि रामराज्य लाना है तो मंदिर के साथ-साथ उस धन से विश्व स्तरीय प्रभु राम के नाम पर अंतरराष्ट्रीय श्रीराम स्वास्थ्य केंद्र बने जहां पर कोरोना जैसी बीमारियों का इलाज हो और संपूर्ण विश्व के लिए अयोध्या भारत आकर स्वास्थ्य लाभ उठाकर जीवित रहे एवं भगवान श्री राम के प्रसाद आशीर्वाद का अनंत काल तक आभारी रहे।
संसार को शांति सद्भाव अच्छे स्वास्थ्य की आवश्यकता है भारत को संपूर्ण विश्व में राम राज्य की स्थापना करनी है आज संपूर्ण विश्व को रोना महामारी से परेशान है उसका इलाज केवल मात्र भारत में ही है ऐसा मेरा मानना है ऋषि धनवंतरी आचार्य चरक सुषेण वैद्य जैसे आयुर विज्ञान के जनक हुए हैं उस भारत में करो ना जैसी महामारी को जड़ से समाप्त करने की क्षमता है उसकी खोज और व्यवस्था प्रभु श्री राम की अयोध्या से आरंभ हो मंदिर के साथ साथ उस जगह श्रीराम अंतर्राष्ट्रीय अस्पताल बने ऐसा मेरा सुझाव है विनती स्वीकार करना प्रभु के हाथ में है “होई है वही जो राम रचि राखा”
विश्व का ऐसा अस्पताल बने जहां संपूर्ण संसार के लोगों का इलाज हो सभी बीमारियों पर शोध हो उसके उपचार की दवा अयोध्या प्रभु श्री राम अस्पताल द्वारा निर्मित हो संसार का सबसे सस्ता अच्छा अस्पताल प्रभु श्रीराम अस्पताल अयोध्या हो ऐसी मेरी सोच है संभवत मेरे इस प्रस्ताव से श्री राम मंदिर के नाम पर व्यापार करने वाले प्राणी एवं राजनीतिक संस्थान दुखी होंगे लेकिन सत्य है कि संपूर्ण संसार में रामराज्य लाना है प्रभु राम के चरणों का दास सबको बनाना है संसार से करो ना जैसी महामारी को भगाना है अयोध्या नगरी में संसार का सर्वश्रेष्ठ आयुर्विज्ञान संस्थान बनाना है मानवता को बचाना है संसार में रामराज्य फिर से लाना है
महंत ने कहा कि मेरी राय से कुछ लोगों को कष्ट अवश्य हो सकता है जो कि स्वाभाविक है हमारा मानना है कि कण-कण में प्रभु श्रीराम व्याप्त हैं प्रभु श्री राम अयोध्या से प्राणी मात्र के रक्षा के लिए श्री गणेश हो जिससे संपूर्ण विश्व का ध्यान भारत अयोध्या की तरफ आकृष्ट हो सब के सहयोग से यदि 100000 बिस्तरों वाला अस्पताल प्रभु श्री राम के नाम पर बन जाए जहां सभी का इलाज सस्ता और अच्छा हो सके इससे अच्छी बात हो ही नहीं सकती मर्यादा पुरुषोत्तम सर्वव्यापी हैं
एवं विश्व सबवे मानव समाज के पूर्वज हैं कुछ संगठनों का मानना था एवं है कि श्री राम सबके पूर्वज हैं कुछ क्षण के लिए उनका यह तर्क स्वीकार कर लिया जाए तो फिर पूर्वजों की चल अचल संपत्ति में सब का हिस्सा होता है फिर नया विवाद आरंभ हो जाएगा अब बौद्ध धर्म के लोग भी श्री राम और अयोध्या को अपना कहने लगे हैं उसके प्रमाण भी खुदाई उसे मिलने शुरू हो गए हैं मैं एक सनातनी शैव शाक्त उपासक हूं गोरख नाथ पंथ से हूं मैंने 1992 में अयोध्या विवाद के समय एक राय दी थी कि प्रभु श्री राम की जन्मभूमि अवध में एक अंतरराष्ट्रीय अस्पताल बने जिसमें सब का सहयोग हो विवाद सदा के लिए खत्म हो लेकिन किसी ने नहीं मानी ऐसा हो गया होता तो करो ना महामारी पीड़ितों का इलाज अवध में होता भगवान को अयोध्या तक सीमित रखना कहां तक उचित होगा वह तो पंच तत्वों के पर्याय हैं सर्व व्यापी हैं ब्रह्म है उन्हें उनके तप त्याग करुणा सेवा भाव जननी जन्मभूमि स्वर्गादपि गरीयसी के अमर आदर्श उद्घोष के रूप में स्वीकारा जाता है
