
गिरफ्तार पांच लोगों में से चार अफ्रीकी नागरिक
यह कार्रवाई तब शुरू हुई जब एनसीबी और दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल को दिल्ली के छतरपुर इलाके में उच्च गुणवत्ता वाली मेथमफेटामाइन की डिलीवरी की सूचना मिली। संदिग्धों पर नजर रखने के बाद एक वाहन को रोका गया, जिसमें 5.103 किलोग्राम उच्च गुणवत्ता वाली क्रिस्टल मेथमफेटामाइन मिली, जिसकी कीमत करीब 10.2 करोड़ रुपये आंकी गई। वाहन में सवार पांच लोगों को गिरफ्तार किया गया, जिनमें चार अफ्रीकी नागरिक शामिल हैं। ये नाइजीरिया से ताल्लुक रखते हैं।
ग्रेटर नोएडा के अपार्टमेंट से प्रतिबंधित ड्रग्स जब्त
मौके पर पूछताछ और तकनीकी जांच से पता चला कि यह मादक पदार्थ पश्चिम दिल्ली के तिलक नगर इलाके में एक अफ्रीकी किचन से लाया गया था। इस किचन की तलाशी में 1.156 किलोग्राम क्रिस्टल मेथमफेटामाइन, 4.142 किलोग्राम अफगान हेरोइन और 5.776 किलोग्राम एमडीएमए (एक्स्टसी पिल्स) बरामद हुई, जिनकी कीमत करीब 16.4 करोड़ रुपये है। इसके बाद ग्रेटर नोएडा में एक किराए के अपार्टमेंट की तलाशी ली गई, जहां से 389 ग्राम अफगान हेरोइन और 26 ग्राम कोकेन बरामद की गई।
स्टूडेंट वीजा के नाम पर ड्रग्स का चला रहा था सिंडिकेट
जांच में खुलासा हुआ कि यह सिंडिकेट अफ्रीकी युवाओं को ड्रग्स की तस्करी के लिए प्रोत्साहित करने, एनसीआर और पंजाब के प्रमुख निजी विश्वविद्यालयों में पढ़ाई के लिए स्टूडेंट वीजा दिलाने में शामिल था। कुछ छात्रों के लिए वीजा केवल भारत में रहने का एक बहाना था, जबकि वे ड्रग्स की सप्लाई और क्रिप्टो कन्वर्जन में लिप्त थे। इस ड्रग सिंडिकेट के आगे और पीछे के कनेक्शनों की जांच के लिए पुलिस और एनसीबी की टीमें सक्रिय हैं। यह कार्रवाई ड्रग्स के खिलाफ सरकार की सख्त नीति का हिस्सा है, जिसके तहत हाल के दिनों में कई बड़े नेटवर्क का पर्दाफाश किया गया है।
NEWS SOURCE Credit : jagran
