गुरु गोरखनाथ मानव कल्याण संस्थान कपूरथला पंजाब एवं सन्त एकता आंदोलन परिषद के परमाध्यक्ष महंत कैलाश नाथ हठयोगी ने बयान जारी कर कहा कि गत दिनों समाचारों चैनलों सोशल मीडिया पर संत शिरोमणि स्वनाम धन्य मुरारी बापू जी के बारे में अशोभनीय निंदनीय टिप्पणी कुछ तथा कथित कुछ संतो उपदेशको द्वारा की गई जिससे भारतीय सनातन संस्कृति सभ्यता मानवता शर्मसार हुई है मुरारी बापू जी राम राज्य के उपासक हैं प्रत्येक प्राणी को राम का अंश मानते हैं उनकी सोच भावनात्मक मानवता रक्षार्थ एवं विश्व कल्याणकारी है उनका संपूर्ण जीवन राम राज्य को समर्पित है
राम राज्य मय है सनातन धर्म संस्कृति मानवता सद्भाव विश्वबंधुत्व शांति के लिए उनके मन मे स्थान है जाति व्यक्ति विशेष के लिए कोई स्थान नहीं है बापू के खिलाफ टीका टिप्पणी के पीछे पश्चात्य समाज के लोगों की सोच धारणा काम कर रही है जो भारत की संस्कृति सभ्यता मानवता विश्व मानव सभ्य समाज को समाप्त करना चाहते हैं पश्च्यात मानसिकता रखने वाले संगठनों द्वारा अनेक वर्षों से सनातन धर्म के प्रचार को संतो उपदेशको के खिलाफ विष घोलने का काम हो रहा है
ताकि भारत के धर्म प्रचारक बदनाम हो एवं विभाजित होकर बापू जैसे सनातन धर्म प्रचारक राम राज्य की स्थापना में संघर्षरत समर्पित विश्व में कोई संत ना रहे इस देश में कुछ संतो के भेष में लोग सनातन संस्कृति भारतीय सभ्यता की प्रतिकूल कार्य कर रहे हैं जिन्हें मठ मंदिर मूर्ति पूजा से कुछ लेना-देना नहीं है ऐसे लोग सनातन धर्म एवं भारतीय संस्कृति को छिन्न-भिन्न कर अपना साम्राज्य स्थापित करने में लगे हुए हैं
जिनके इशारे पर बापू जैसे धर्माचार्य उपदेशको एवं राम राज्य के पक्षधरो के खिलाफ षड्यंत्र के तहत सुनियोजित ढंग से अभियान चलाया जा रहा है उसी अभियान के तहत बापू जैसे प्रतिष्ठित ख्याति प्राप्त संत के खिलाफ छिद्रान्वेषण किया गया है जो विचारणीय है यह प्रयास संतो को बदनाम कर विभाजन करने की दिशा में एक सोची-समझी चाल है ऐसे लगता है कि जिसे शक्तिशाली लोगों का आशीर्वाद प्राप्त है परम पूज्य मुरारी बापू एवं उनके जैसे अन्य संतों कि देश एवं विश्व सभ्य मानव समाज को नितांत आवश्यकता है
ऐसे संतो के संदर्भ में अशोभनीय टिप्पणी करना भारतीय सनातन संस्कृति सभ्यता का अपमान करना होगा देश समाज बुद्धिजीवी विचार करें सोचे कि हम किस दिशा की ओर जा रहे हैं? संपूर्ण विश्व सभ्य मानव समाज संस्कृति मानवतावादी विचारधारा के लोग सदैव मुरारी बापू जी के साथ हैं
