
बुधवार की शाम सहयोगी दलों की मीटिंग में नरेन्द्र मोदी को NDA का नेता चुन लिया गया। अब शुक्रवार की शाम सात बजे राष्ट्रपति से मिलकर सरकार बनाने का दावा पेश किया जाएगा। इसके साथ ही राष्ट्पति को NDA में शामिल पार्टियों के नेताओं के दस्तखत वाली समर्थन की चिट्ठी भी सौंप दी जाएगी। इसके साथ ही अब नई सरकार के गठन का रास्ता क्लीयर हो गया है और ये कंफर्म हो गया है कि नरेंद्र मोदी ही तीसरी बार भी देश के प्रधानमंत्री के रूप में शपथ ग्रहण करेंगे।
विपक्षी दलों ने क्या कहा?
बुधवार को नई दिल्ली में विपक्षी दलों के INDIA अलायंस की बैठक भी हुई। इस बैठक में साफ कर दिया गया कि फिलहाल वो विपक्ष में ही बैठेंगे और सरकार बनाने की कोशिश नहीं करेंगे। एनडीए के पास सांसदों की कुल संख्या 292 के पार पहुंच रही है जबकि विपक्ष दलों के पास 234 सांसद हैं। 7 जून को पुराने संसद भवन के सेंट्रल हॉल में NDA के सभी सासंदों की मीटिंग होगी। जिसमें नरेंद्र मोदी को NDA पार्लियामेंट्री पार्टीज़ का नेता चुने जाने की ओपचारिकता भी पूरी की जाएगी। इसके बाद फिर आठ जून को नरेंद्र मोदी, तीसरी बार प्रधानमंत्री पद की शपथ लेंगे। सरकार के स्वरूप को लेकर बीजेपी सभी सहयोगी दलों से बात करेगी। इसकी जिम्मेदारी राजनाथ सिंह, जे पी नड्डा और अमित शाह को दी गई है।
8 जून को शपथ ग्रहण
जानकारी के मुताबिक, नरेन्द्र मोदी 8 जून को तीसरी बार देश के प्रधानमंत्री पद की शपथ लेंगे। NDA के पास 292 सांसदों का आंकड़ा है जबकि बहुमत के लिए 272 चाहिए। इसके साथ ही कई अन्य निर्दलीय सांसद भी एनडीए की सरकार को समर्थन दे सकते हैं। चन्द्रबाबू नायडू और नीतीश कुमार ने साफ कर दिया है कि दोनों दल एनडीए को सहयोग करते रहेंगे।
NEWS SOURCE : indiatv
